संकल्प की दृढ़ता और अनुराग योगेन्द्र प्रसाद मिश्र की साहित्यिक पूँजी – अनिल सुलभ

पटना, २२ जून। संकल्प की दृढ़ता किसी भी साधक की आधार भूमि होती है। संकल्प के पीछे, विषय के प्रति गहरा अनुराग होता है। इसी राग और दृढ़ता के आधार पर साधक की सफलता और उपलब्धियाँ निर्धारित होती हैं। वरिष्ठ कवि योगेन्द्र प्रसाद मिश्र एक ऐसे ही संकल्प–धनी और अत्यंत परिश्रमी साहित्य–साधक हैं। ८४ वर्ष की आयु […]